ढोढसर बस स्टैंड पर अतिक्रमण हटाने की बड़ी कार्रवाई, 75 दुकानें-10 मकान ध्वस्त, मुआवजे को लेकर बढ़ा विवाद
By Goapl Gupta ·
17 Mar 2026 ·
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ढोढसर बस स्टैंड पर अतिक्रमण हटाने की बड़ी कार्रवाई,
75 दुकानें-10 मकान ध्वस्त, मुआवजे को लेकर बढ़ा विवाद
चौमू । ग्राम ढोढसर के बस स्टैंड क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग-52 पर मंगलवार को प्रशासन ने अतिक्रमण हटाने की बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। अभियान के दौरान करीब 75 दुकानों और 10 मकानों को जेसीबी मशीनों की मदद से ध्वस्त कर दिया गया। दिनभर चली इस कार्रवाई के चलते क्षेत्र में हलचल और तनाव की स्थिति बनी रही।
सुबह से ही प्रशासनिक अधिकारी भारी पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। इसके बाद जेसीबी मशीनों ने सड़क सीमा में बने अतिक्रमणों को हटाना शुरू किया। कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में लोग मौके पर एकत्रित रहे और कई बार विरोध के स्वर भी सुनाई दिए।
मुआवजे को लेकर नाराजगी, लोगों ने उठाए सवाल
कार्रवाई के दौरान स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। भाजपा गोविंदगढ़ मंडल अध्यक्ष एवं प्रशासक प्रतिनिधि जितेंद्र सिंह शेखावत और ब्लॉक कांग्रेस कमेटी पश्चिम अध्यक्ष गिरिराज देवंदा ने कहा कि प्रभावित परिवारों को अब तक कोई मुआवजा नहीं दिया गया है। उनका कहना है कि बिना पुनर्वास और उचित मुआवजे के इस तरह की कार्रवाई करना न्यायसंगत नहीं है।
स्थानीय निवासी जगदीश प्रसाद खटीक ने आरोप लगाया कि उनका पुश्तैनी मकान ग्राम पंचायत के पट्टों पर बना हुआ था, बावजूद इसके बिना सुनवाई के उसे ध्वस्त कर दिया गया। इस कार्रवाई से कई परिवारों के सामने आवास और आजीविका का संकट खड़ा हो गया है।
पक्षपात के भी लगे आरोप
भाजपा मंडल अध्यक्ष जितेंद्र सिंह शेखावत ने आरोप लगाया कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई में एकरूपता नहीं बरती गई। कहीं 30 मीटर, कहीं कम और कहीं अधिक सीमा तक तोड़फोड़ की गई, जिससे पक्षपात की आशंका पैदा होती है। उन्होंने यह भी कहा कि सड़क के दोनों ओर समान रूप से कार्रवाई नहीं की गई।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि एनएच सीमा में आने वाले मंदिरों और एक स्कूल पर भी कार्रवाई की गई, जबकि उन्हें हटाने से पहले उचित प्रक्रिया और मुआवजा दिया जाना चाहिए था।
कुछ लोगों ने किया समर्थन
हालांकि क्षेत्र के कुछ लोगों ने प्रशासन के इस कदम का समर्थन भी किया। स्थानीय निवासी मोहनलाल का कहना है कि सड़क सीमा खाली होने से दुर्घटनाओं में कमी आएगी और यातायात व्यवस्था बेहतर होगी।
प्रशासन का पक्ष
प्रशासन के अनुसार यह कार्रवाई सड़क चौड़ीकरण और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने के उद्देश्य से की गई है। मौके पर पुलिस बल के साथ राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की टीम भी मौजूद रही। अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान नियमानुसार चलाया गया।
ज्ञापन और आंदोलन की चेतावनी
मामले को लेकर अब विरोध तेज होने की संभावना है। जितेंद्र सिंह शेखावत ने चेतावनी दी है कि इस संबंध में केंद्र और राज्य सरकार को शिकायत भेजी जाएगी। साथ ही उनके नेतृत्व में स्थानीय लोग एसडीएम चौमूं को ज्ञापन सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग करेंगे।
दिनभर चली कार्रवाई के बाद क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बना रहा, हालांकि पुलिस की मौजूदगी में अभियान शांतिपूर्वक पूरा कराया गया। फिलहाल मुआवजे और पुनर्वास को लेकर असंतोष बना हुआ है, जिससे आने वाले दिनों में विवाद और गहराने की आशंका है।