संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा मे आनन्द बरस रहा सांसों का क्या भरोसा चार दिन की ज़िन्दगी दो दिन की जवानी- विष्णुकान्त
By Goapl Gupta ·
18 Apr 2026 ·
15 views
संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा मे आनन्द बरस रहा
सांसों का क्या भरोसा चार दिन की ज़िन्दगी दो दिन की जवानी- विष्णुकान्त
उदयपुर, फतेहपुरा बेदला रोड स्थित मंगल श्री गार्डन मे तीन बजे से आयोजित श्रीमद्भागवत कथा मे व्यास पीठ से लालसौठ के आचार्य श्री विष्णुकान्त शास्त्री ने भागवत के गूढ रहस्य के बारे मे संगीतमय प्रस्तुति से बताया-"बनवारी रे जीने का सहारा तेरा नाम है।.., "सांसों का क्या भरोसा, चार दिन की जिन्दगी दो दिन की है जवानी...।" कथा मे दुर्योधन द्वारा दूत श्रीकृष्ण के शान्ति प्रस्ताव को ठुकरना, पाण्डवों को सूई की नोक बराबर हिस्सा नही देना, दुर्योधन के मेवा त्याग कर विदुर के घर खाना,विदुरानी का श्री कृष्ण के प्रेमभाव मे केले के छिलके खिलाना,शिव पार्वती के विवाह,पिता राजा दक्षपति के यज्ञ मे शिव पार्वती को नहीं बुलाना, अपमान करना, पार्वती का दुखी हो शरीर त्यागना, यज्ञ विध्वंस करना आदि सन्दर्भो को कुछ भावुक तो कुछ रोचक बना प्रस्तुत किया। प्रारम्भ मे सत्य नारायण श्रीमती उषा गांगाणी ने परिवार सहित भागवत की अगुवानी कर माल्यार्पण किया। उदयपुर और बाहर से आये 80 वर्ष से अधिक आयु के धर्मात्मा समाजसेवी का साफा उपरणा ओढाकर सम्मान किया। कथा के अन्त मे आरती पश्चा भक्तो को प्रसाद वितरण किया।